जैविक तकनीकी ,माइक्रो बायोलॉजी, मक्के की खेती,वेस्ट को वेल्थ में परिवर्तित करने और कृषि अनुसंधान को मिलेगा बढ़ावा:-- एस के शुक्ल आईजीएल के बिजनेस हेड

जैविक तकनीकी ,माइक्रो बायोलॉजी, मक्के की खेती,वेस्ट को वेल्थ में परिवर्तित करने और कृषि अनुसंधान को मिलेगा बढ़ावा। एस के शुक्ल 

 इंडिया ग्लाईकॉल्स लिमिटेड व दीन दयाल उपाध्याय विश्विद्यालय  गोरखपुर के मध्य आज  गुरुवार को एक एमओयू पर हस्ताक्षर किया गया। इसके तहत कृषि अनुसंधान शोध को बढ़ावा मिलेगा। वरिष्ठ प्रबंधक प्रशासन एवं जनसंपर्क डॉ सुनील कुमार मिश्रा ने इस एमओयू से कहा की शोध के छेत्र में यह मील का पत्थर साबित होगा।

एमओयू हस्ताक्षर के पश्चात, यह दोनों संस्थान एक दूसरे से आधुनिक कृषि के विकास व औद्योगिक विकास से संबंधित विचार साझा करेंगे। विश्वविद्यालय की कुलपति श्रीमती पूनम टंडन, डॉ  दिनेश यादव, और आईजीएल के  बिजनेस हेड एस के शुक्ल ने एमओयू पर हस्ताक्षर किया।
विश्विद्यालय इस एमओयू के तहत आईजीएल के लिए शोध का आधार तैयार करेगा। तथा आईजीएल, विश्वविद्यालय के छात्रों को औद्योगिक व तकनीकी ज्ञान मुहैया कराएगा। दोनों मिलकर औद्योगिक विकास,नए उद्योगों का सृजन के साथ ही आधुनिक भारत की संभावनाओं के अनुरुप कई कार्य करेंगे। इससे रसायन,कृषि सहित कई अनुसंधान पर कार्य होगा। एस  के शुक्ल ने कहा की विश्वविद्यालय और कंपनी ke मध्य हुए करार से  विज्ञान, रसायन, माइक्रो बायोलॉजी , में नवाचार, गतिशीलता, का आदान-प्रदान और होगा. इस एमओयू पर कुलपति महोदया ने हर्ष व्यक्त किया और बिजनेस हेड से कहा की हमारे छात्रों हेतु कुछ करे जिससे उन्हें शिक्षा के साथ साथ उद्योगों की जानकारी प्राप्त हो सके और वे आगे शिक्षा ग्रहण कर समाज के विकास में योगदान दे सके। एस के शुक्ल ने कुलपति महोदया को आश्वासन दिया आईजीएल संस्था सदैव विश्विद्यालय के साथ खड़ी रहेगी और बच्चो के बेहतर भविष्य और राष्ट्र निर्माण में सदैव अपनी भूमिका अदा करेगी। वरिष्ठ परबंधक प्रशासन एवं जनसंपर्क डॉ सुनील कुमार मिश्रा ने कहा की आईजीएल विश्विद्यालय के साथ मिलाकर उत्तर प्रदेश एवं देश के नव निर्माण में अपना सर्वोच्च योगदान बिजनेस हेड के नेतृत्व में देगी। उक्त अवसर पर अखिलेश कुमार शुक्ल, तथा विश्विद्यालय के प्रोफेसर, छात्र छात्राएं उपस्थित रही।

Comments